मेरी चाहत की तस्वीर
मेरी चाहत की तस्वीर दिखा, उसने तलबगार बना दियावर्ना ताउम्र बैठे थे, उस किस्से से अनजान हम
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मेरी चाहत की तस्वीर दिखा, उसने तलबगार बना दियावर्ना ताउम्र बैठे थे, उस किस्से से अनजान हम
Read moreशाम के उस पार दरवाजों पे हुई ढेरों दस्तकों से आज कोई गिला नहींअपने सुकून के आगोश में हूँगा तो Continue Reading ...
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चराग ए इश्क़ जब जब जले हैंवो आफताब, खुदा का एक नायाब तोहफा हैदिल बुझ जाते हैं उनके अंधेरों में Continue Reading ...
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I have applied a patent for true loveCause I think my heart can ooze it to the hiltFor me, my Continue Reading ...
Read moreदिल आखिर तू क्यूँ रोता हैअब भी सपनों में खोता हैहर पल में जीवन तू देखसोच कि ये ग़म तो Continue Reading ...
Read moreहवाओं का रंग भी स्याह हो चला थापर मैं रुका ना थाआँखें पूरी खुली पर कुछ दिखता ना थाना रास्ते, Continue Reading ...
Read moreतुमसे गुफ्तगू करने के रास्ते ढूंढता हूँदिल का पैगाम पहुंचाने के वास्ते ढूंढता हूँदिल का समंदर गहरा हो छलकने लगा Continue Reading ...
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Perpetual times do halt sometimes,Giant leaps of the roaring sea ceasesThere is no sunshineWhen hell freezes. But with open eyes, Continue Reading ...
Read moreनशा पढ़ने का भी, क्या कभी आजमाया हैया सिर्फ मयखानो को ही इस काबिल पाया है
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